कृषि वैज्ञानिकों ने बनाई बैल चलित प्लास्टिक/पलवार बिछाने का यंत्र
न्यूज़ सर्च@रायपुर:- देश के सभी राज्यों में केंद्र और राज्य सरकारें मिलकर किसानों को आधुनिक खेती की ओर ले जाने का पूरा प्रयास कर रही है। इसके लिए उन्हें न सिर्फ नई तकनीक की ट्रेनिंग दी जा रही है, बल्कि फसल के लिए कई योजनाओं के तहत सब्सिडी भी दी जा रही है। इसके बाद भी कई ऐसी चीजें है जो आज भी छोटे किसानों की पहुंच से दूर हैं। इसमें खेत की तैयार मेड़ों में प्लास्टिक मल्च बिछाने की मशीन भी है।कृषि विश्वविद्यालय प्रोफेसर एके दवे ने का कहना है कि खेतों की मेड़ में प्लास्टिक मल्च बिछाने से मेड़ की सुरक्षा होने के साथ ही उसमें नमी अधिक समय तक बनी रहती है। आज सभी मझोले व बड़े किसान इसी तकनीक का उपयोग करके टमाटर, बैगन, मिर्च, सेम सहित कई सब्जियों की खेती कर रहे हैं। इस तकनीक का उपयोग करने से किसान कम पानी, खाद व कीटनाशक के जरिए पहले से अधिक व अच्छी पैदावार ले रहे हैं। इस यंत्र की मदद से 100 सेमी. चौड़ाई के गैप में 60 सेमी. चौड़ी और 15 सेमी. ऊंची मेड़ बनाई जा सकती है। इसके साथ-साथ यंत्र प्लास्टिक की मल्च भी बिछती हुई चलेगी। इसमें होल करके उसमें पैधे या फिर बीज की रोपाई बोवाई की जा सकती है।



