न्यूज़ सर्च@रायपुर:- एक तरह जहां कोरोना वायरस के डर से लोग अपने घरों से नहीं निकल रहे वहीं इसी परिस्थित में डॉक्टर, पुलिसकर्मी व अन्य समाजसेवी लोगों की सुरक्षा के लिए जान जोखिम मंव डालकर काम कर रहे हैं। ऐसे ही लोगों की हौसलाआफ्जाई करने के लिए बुनियाद बेटियां अनमोल फाउंडेशन की टीम से अपने घरों से बाहर निकली। उनके द्वारा स्वास्थ्य से संबंधित सभी डॉक्टर और टीम की हौसलाआफ्जाई करने के लिए गुलाब का फूल देकर उनके इस कार्य के लिए धन्यवाद ज्ञापित किया गया।
फाउंडेशन की टीम आम्बेडकर अस्पताल पहुंची। वहां काम कर रहे डॉक्टरों व अन्य कर्मचारियों को गुलाब का फूल देकर उनका सम्मान किया गया। इस दौरान उनके द्वारा लोगों से अपील की गई कि शासन के अग्रिम आदेश तक वह अपने घर पर सुरक्षित रहें बिना आवश्यक कार्य के किसी भी अन्य व्यक्ति के संपर्क में न आएं और घर से बाहर न जाएं। स्वयं की सुरक्षा को नजर में रखते हुए अन्य व्यक्तियों को जागरूक रहने की विशेष सलाह भी दी गई। शासन की ओर से किए गए अबतक के सुरक्षा संबंधी कार्य हेतु कल शाम 5:00 बजे अपने अपने दरवाजे पर एक दीपक जलाकर धन्यवाद ज्ञापित करने की अपील की गई। इस दौरान फाउंडेशन की अध्यक्ष डॉ. निम्मी चौबे ने बताया शासन के अग्रिम आदेश तक लोगों को सुरक्षित स्थान पर रहने के लिए अपील की गई है। इस कार्यक्रम में उनके सहयोगी बने। इस दौरान उनके साथ डॉक्टर सोभना तिवारी, एकता शर्मा, प्रतिभा चौबे, चंदा प्रजापति, दुर्गा और मिथिला आदि महिला कार्यकर्ता मौजूद रहे।
फाउंडेशन की टीम आम्बेडकर अस्पताल पहुंची। वहां काम कर रहे डॉक्टरों व अन्य कर्मचारियों को गुलाब का फूल देकर उनका सम्मान किया गया। इस दौरान उनके द्वारा लोगों से अपील की गई कि शासन के अग्रिम आदेश तक वह अपने घर पर सुरक्षित रहें बिना आवश्यक कार्य के किसी भी अन्य व्यक्ति के संपर्क में न आएं और घर से बाहर न जाएं। स्वयं की सुरक्षा को नजर में रखते हुए अन्य व्यक्तियों को जागरूक रहने की विशेष सलाह भी दी गई। शासन की ओर से किए गए अबतक के सुरक्षा संबंधी कार्य हेतु कल शाम 5:00 बजे अपने अपने दरवाजे पर एक दीपक जलाकर धन्यवाद ज्ञापित करने की अपील की गई। इस दौरान फाउंडेशन की अध्यक्ष डॉ. निम्मी चौबे ने बताया शासन के अग्रिम आदेश तक लोगों को सुरक्षित स्थान पर रहने के लिए अपील की गई है। इस कार्यक्रम में उनके सहयोगी बने। इस दौरान उनके साथ डॉक्टर सोभना तिवारी, एकता शर्मा, प्रतिभा चौबे, चंदा प्रजापति, दुर्गा और मिथिला आदि महिला कार्यकर्ता मौजूद रहे।


